IMG-20260606-WA0080

काशीपुर। शहर के प्रतिष्ठित सहोता मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल के वरिष्ठ बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. रवि सहोता ने नवजात एवं छोटे बच्चों के मुंडन संस्कार को लेकर अभिभावकों को महत्वपूर्ण सलाह देते हुए कहा कि बच्चों का मुंडन जल्दबाजी में कराने के बजाय उनकी शारीरिक और मानसिक वृद्धि को ध्यान में रखकर किया जाना चाहिए। उन्होंने सुझाव दिया कि बच्चे का मुंडन दो वर्ष की आयु के बाद कराना अधिक सुरक्षित और उचित माना जा सकता है। डॉ. सहोता ने बताया कि भारतीय समाज में मुंडन संस्कार का विशेष धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व है। हिंदू परंपरा में सामान्यतः बच्चों का मुंडन डेढ़ वर्ष या उससे पहले कराया जाता है, जबकि मुस्लिम समुदाय में कई परिवार जन्म के कुछ महीनों बाद, विशेष रूप से तीसरे महीने के आसपास बच्चे के बाल उतरवाने की परंपरा का पालन करते हैं। हालांकि चिकित्सा दृष्टि से बच्चे की आयु, स्वास्थ्य और सिर की स्थिति को ध्यान में रखना भी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जन्म के बाद शुरुआती महीनों और वर्षों में बच्चे का मस्तिष्क तेजी से विकसित हो रहा होता है। इस दौरान सिर की हड्डियां पूरी तरह मजबूत नहीं होतीं और खोपड़ी के कुछ हिस्से अपेक्षाकृत संवेदनशील रहते हैं। ऐसे में मुंडन के दौरान यदि पर्याप्त सावधानी न बरती जाए तो त्वचा पर कट लगने, संक्रमण होने अथवा अन्य स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है। डॉ. रवि सहोता के अनुसार, कई अभिभावक यह मानते हैं कि जल्दी मुंडन कराने से बाल घने हो जाते हैं, लेकिन वैज्ञानिक दृष्टिकोण से इसका कोई ठोस प्रमाण उपलब्ध नहीं है। बालों की गुणवत्ता, घनत्व और वृद्धि मुख्य रूप से आनुवंशिक कारणों तथा पोषण पर निर्भर करती है। इसलिए केवल बालों को घना बनाने की सोच से जल्द मुंडन कराना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि लगभग दो वर्ष की आयु तक पहुंचने पर बच्चे की खोपड़ी अपेक्षाकृत अधिक विकसित हो जाती है तथा संक्रमण और चोट का जोखिम भी कम हो जाता है। इस कारण यदि धार्मिक परंपराओं के अनुरूप संभव हो तो मुंडन संस्कार दो वर्ष की आयु के बाद कराया जाना बच्चे के स्वास्थ्य की दृष्टि से अधिक सुरक्षित माना जा सकता है। बाल रोग विशेषज्ञ ने अभिभावकों को सलाह दी कि मुंडन कराते समय स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें। उपयोग किए जाने वाले ब्लेड या उपकरण पूरी तरह साफ और संक्रमणमुक्त होने चाहिए। यदि बच्चे के सिर पर किसी प्रकार का चर्म रोग, घाव, एलर्जी या अन्य समस्या हो तो पहले चिकित्सक की सलाह अवश्य लें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!